💞 न रुबरू आते हो
फिर भी चंद लफ़्जो से 🌹
💖 दिल को छू जाते हो
न तुम थे.... न तेरे जज़्बात थे....
💕
कीतने बेरुखे वो हालात थे !
⚘
न तुम यादोंमें थे.... न तनहाईयोंमे....
तुमसे परे मेरे खयालात थे......
💞
न तुम थे.... न तेरे जज़्बात थे ! ⚘
गणेश ✍✍
बहुत खूब सर 👌👌👌👌👌
ReplyDeleteवाह... सही... 👌👌👌
ReplyDeleteक्या बात है शायर...बहोत खूब...👍👌✍️🍫
ReplyDeleteमस्त 👌🤗
ReplyDeleteअतिशय सुंदर रचना👌👌👌
ReplyDeleteखूपच मस्त रचना 👌👌👍👍
ReplyDeleteबोहोत खुब..
ReplyDeleteखूप छान लिहिलंय अप्रतिम 👌👌👌👌
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